बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का लोगो

प्रेस प्रकाशनी

(394 kb )
बैंक ऋण का क्षेत्रवार अभिनियोजन – मार्च 2026

30 अप्रैल 2026

बैंक ऋण का क्षेत्रवार अभिनियोजन – मार्च 2026

वर्ष 2026 के मार्च माह के लिए 41 चुनिंदा अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों (एससीबी) से जुटाए गए बैंक ऋण के क्षेत्रवार अभिनियोजन संबंधी आंकड़े,1 जो सभी एससीबी के कुल खाद्येतर ऋण का लगभग 95 प्रतिशत होता है, विवरण I और II में दिए गए हैं।

वर्ष-दर-वर्ष (व-द-व) आधार पर, खाद्येतर बैंक ऋण2 31 मार्च 2026 को समाप्त पखवाड़े की स्थिति के अनुसार 15.9 प्रतिशत की दर से बढ़ा, जबकि यह पिछले वर्ष (अर्थात, 04 अप्रैल 2025) के इसी पखवाड़े में 10.9 प्रतिशत था।

31 मार्च 2026 को समाप्त पखवाड़े की स्थिति के अनुसार बैंक ऋण के क्षेत्रवार अभिनियोजन की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:

  • कृषि और संबद्ध कार्यकलापों हेतु प्रदत्त ऋण में 15.7 प्रतिशत की वर्ष-दर-वर्ष संवृद्धि दर्ज की गई, जबकि यह पिछले वर्ष के इसी पखवाड़े में 10.4 प्रतिशत थी।

  • उद्योग क्षेत्र को प्रदत्त ऋण में 15.0 प्रतिशत की वर्ष-दर-वर्ष संवृद्धि दर्ज की गई (पिछले वर्ष के इसी पखवाड़े में यह 8.2 प्रतिशत थी)। ‘सूक्ष्म एवं लघु’ तथा ‘मध्यम’ उद्योगों को प्रदत्त ऋण में मजबूत विस्‍तार जारी रहा। वृहत उद्योगों को प्रदत्त ऋण में भी और मजबूती आई। प्रमुख उद्योगों में, ‘आधारभूत संरचना’, ‘सभी इंजीनियरिंग’, 'मूल धातु और धातु उत्पाद', ‘रसायन और रासायनिक उत्‍पाद’, एवं ‘पेट्रोलियम, कोयला उत्पाद और परमाणु ईंधन’ को बकाया ऋण में सुदृढ़ वर्ष-दर-वर्ष संवृद्धि दर्ज की गई।

  • सेवा क्षेत्र को प्रदत्त ऋण में वर्ष-दर-वर्ष 19.0 प्रतिशत की दर से संवृद्धि दर्ज की गई (पिछले वर्ष के इसी पखवाड़े में यह 12.0 प्रतिशत थी), जिसे ‘गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों’ (एनबीएफसी), ‘व्यापार’ और ‘वाणिज्यिक स्थावर संपदा’ जैसे खंड़ों में हुई उच्‍च संवृद्धि से समर्थन मिला।

  • वैयक्तिक ऋण क्षेत्र हेतु प्रदत्त ऋण में 16.2 प्रतिशत की वर्ष-दर-वर्ष संवृद्धि दर्ज की गई, जबकि यह एक वर्ष पहले 11.7 प्रतिशत थी। जहां ‘वाहन ऋण’ और ‘स्‍वर्ण आभूषणों पर ऋण’ जैसे खंड़ों में ऋण संवृद्धि मजबूत बनी रही, वहीं ‘आवास’ खंड़ में प्रदत्त ऋण स्थिर रहा।

अजीत प्रसाद    
उप महाप्रबंधक (संचार)

प्रेस प्रकाशनी: 2026-2027/182


1 आंकड़े महीने के अंतिम रिपोर्टिंग पखवाड़े से संबंधित हैं, जो क्षेत्रवार और उद्योग-वार बैंक ऋण (एसआईबीसी) रिटर्न पर आधारित हैं। 31 दिसंबर 2025 से, बैंकिंग विधि (संशोधन) अधिनियम 2025 के तहत अंतिम रिपोर्टिंग पखवाड़े की परिभाषा को बदलकर महीने का अंतिम दिन कर दिया गया है। तदनुसार, दिसंबर 2025 से वर्ष-दर-वर्ष वृद्धि दरें चालू वर्ष के लिए महीने के अंत के आंकड़ों और पिछले वर्ष के इसी महीने के लिए अंतिम रिपोर्टिंग पखवाड़े (पुरानी परिभाषा के अनुसार) के आंकड़ों पर आधारित हैं।

2 खाद्येतर ऋण संबंधी आंकड़े धारा-42 रिटर्न पर आधारित हैं, जिसमें सभी अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक (एससीबी) शामिल हैं।


2026
2025
2024
2023
2022
2021
2020
2019
2018
2017
2016
2015
2014
2013
2012
पुरालेख
Server 214
शीर्ष